Iftikhar Shafi's Photo'

इफ्तिखार शफ़ी

1973 | पाकिस्तान

ग़ज़ल 2

 

शेर 2

हिजरत की घड़ी हम ने तिरे ख़त के अलावा

बोसीदा किताबों को भी सामान में रक्खा

था कोई वहाँ जो है यहाँ भी है वहाँ भी

जो हूँ मैं यहाँ हूँ मैं वहाँ कोई नहीं था