aaj ik aur baras biit gayā us ke baġhair
jis ke hote hue hote the zamāne mere
परिणाम "'najma'"
ये मुश्त-ए-ख़ाक भी गर्दन-फ़राज़ हो जातीग़रीब 'नजमा' को क़दमों में गर जगह देते
कल नाज़-ओ-अदा के तीर चले है आज तग़ाफ़ुल की बरछीइस को भी करम समझो 'नजमा' एहसान बदलते रहते हैं
ज़िया-अंदोज़ हूँ इक आसमानी नूर से 'नजमा'ज़मीं पर चाँद तारों की जवानी ले के आई हूँ
'नजमा' कहीं भी झूट का जिन पर गुमान होऐसे तमाम लफ़्ज़ ही शे'रों पे बोझ हैं
मोहब्बत के दुश्मन हैं जितने भी 'नजमा'उन्हें आइना हम दिखाते रहेंगे
एक जाम-ए-बे-ख़ुदी 'नजमा' को साक़ी बख़्श देता-अबद रौशन रहेगा तेरे मयख़ाने का नाम
उन की आँखें देर तक रहती हैं रश्क-ए-कहकशाँजब कभी रातों को 'नजमा' याद आ जाती हूँ मैं
'नजमा' फिर सुंदर सपनों में बनने लगे क़स्र उम्मीदों केफिर रेत के गिरते साहिल पर बुनियाद उठाए जाती हूँ
'नजमा' न पूछ मुझ से मिरी दास्तान-ए-ज़ीस्तअल-मुख़्तसर कि याद रहूँगी जहाँ को मैं
अजीब शहर का आलम है आज ऐ 'नजमा'न सामने कोई मंज़र न अब है पस-मंज़र
Jashn-e-Rekhta 10th Edition | 5-6-7 December Get Tickets Here
Devoted to the preservation & promotion of Urdu
A Trilingual Treasure of Urdu Words
Online Treasure of Sufi and Sant Poetry
World of Hindi language and literature
The best way to learn Urdu online
Best of Urdu & Hindi Books