आपकी खोज से संबंधित
परिणाम "bisaat-e-dahr"
अत्यधिक संबंधित परिणाम "bisaat-e-dahr"
अन्य परिणाम "bisaat-e-dahr"
नज़्म
मेरी होली
कर दिया है शोरिश-ए-आलम ने दीवाना मुझे
है बिसात-ए-दहर वहशत-नाक वीराना मुझे
सीमाब अकबराबादी
ग़ज़ल
फ़िराक़ गोरखपुरी
ग़ज़ल
बिसात-ए-दहर सही जल्वा-गाह-ए-हुस्न-ए-अज़ल
निगाह-ए-शौक़ फ़ुग़ाँ-संज-ए-तिश्नगी क्यूँ है
हबीब अहमद सिद्दीक़ी
ग़ज़ल
बिसात-ए-दहर में ग़ाफ़िल भला जीने का हासिल क्या
कि मरना भी जहाँ पर हो वबाल-ए-दोश हो जाना
अफ़क़र मोहानी
ग़ज़ल
चराग़-ए-ज़िंदगी है या बिसात-ए-आतिश-ए-रफ़्ता
जला कर रौशनी दहलीज़-ए-जाँ पर सोचते रहना