आपकी खोज से संबंधित
परिणाम "madhaw wilas uttam singh ebooks"
अत्यधिक संबंधित परिणाम "madhaw wilas uttam singh ebooks"
अन्य परिणाम "madhaw wilas uttam singh ebooks"
नज़्म
ज़िंदाँ की एक सुब्ह
रात बाक़ी थी अभी जब सर-ए-बालीं आ कर
चाँद ने मुझ से कहा 'जाग सहर आई है
फ़ैज़ अहमद फ़ैज़
ग़ज़ल
वजूद-ए-बे-हक़ीक़त पर न इतना शादमाँ होता
जो असरार-ए-हक़ीक़त का भी इंसाँ राज़-दाँ होता
मुमताज़ अहमद ख़ाँ ख़ुशतर खांडवी
ग़ज़ल
ग़म-ए-दौराँ ग़म-ए-जानाँ का निशाँ है कि जो था
वस्फ़-ए-ख़ूबाँ ब-हदीस-ए-दिगराँ है कि जो था