आपकी खोज से संबंधित
परिणाम "halvaa"
ग़ज़ल के संबंधित परिणाम "halvaa"
ग़ज़ल
क्या ज़ौक़-ए-इबादत हो उन को जो बस के लबों के शैदा हैं
हलवा-ए-बहिश्ती एक तरफ़ होटल की मिठाई एक तरफ़
अकबर इलाहाबादी
ग़ज़ल
मुनाफ़िक़ दावा-ए-ईमाँ में सच्चा हो नहीं सकता
कि गोबर फिर भी गोबर है वो हलवा हो नहीं सकता
वहिद अंसारी बुरहानपुरी
ग़ज़ल
शायद मुझे कह दे कि रुको हलवा तो खा जाओ
हसरत से मैं तकता रहा मुड़ मुड़ मुतवातिर
सय्यद सलमान गीलानी
ग़ज़ल
दिल-ए-क़ाने के तईं नान-ए-जवीं ख़ुश-तर ज़े-तर-हलवा
नहीं हो एहतियाज उस को पुलाव गोश्त रोटी की
क़ासिम अली ख़ान अफ़रीदी
ग़ज़ल
कुछ तो हवा भी सर्द थी कुछ था तिरा ख़याल भी
दिल को ख़ुशी के साथ साथ होता रहा मलाल भी