आपकी खोज से संबंधित
परिणाम "dam-e-sitam"
नज़्म के संबंधित परिणाम "dam-e-sitam"
नज़्म
सुब्ह-दम बाद-ए-सबा की शोख़ियाँ काम आ गईं
लाला-ओ-गुल को बग़ल-गीरी का मौक़ा मिल गया
सय्यदा शान-ए-मेराज
नज़्म
आज तो हम बिकने को आए, आज हमारे दाम लगा
यूसुफ़ तो बाज़ार-ए-वफ़ा में, एक टिके को बिकता है
इब्न-ए-इंशा
नज़्म
दाम-ए-हर-मौज-ए-तख़य्युल में है कश्ती की तरह
और तूफ़ान है गिर्दाब है 'ग़ालिब' की ग़ज़ल
मोहम्मद अब्दुल क़ादिर अदीब
नज़्म
तख़्ता-ए-मश्क़-ए-सितम क़ैदी-ए-ज़ंजीर हूँ मैं
सैकड़ों दुश्मन-ए-सफ़्फ़ाक लगे हैं पीछे
उरूज क़ादरी
नज़्म
हामी-ए-जौर-ओ-सितम हर तरह माला-माल था
जिस की लाठी थी उसी की भैंस थी ये हाल था