आपकी खोज से संबंधित
परिणाम "ubal"
नज़्म के संबंधित परिणाम "ubal"
नज़्म
अली सरदार जाफ़री
नज़्म
शराब आँखों से ढल रही है, नज़र से मस्ती उबल रही है
छलक रही है उछल रही है, पिए हुए हैं पिला रहे हैं
जिगर मुरादाबादी
नज़्म
मुहीब फाटकों के डोलते किवाड़ चीख़ उठे
उबल पड़े उलझते बाज़ुओं चटख़ती पिस्लियों के पुर-हिरास क़ाफ़िले
मजीद अमजद
नज़्म
उबल पड़े उलझते बाज़ुओं चटख़ती पसलियों के पुर-हिरास क़ाफ़िले
गिरे बढ़े मुड़े भँवर हुजूम के