आपकी खोज से संबंधित
परिणाम "zulf-e-qaus-e-quzah"
नज़्म के संबंधित परिणाम "zulf-e-qaus-e-quzah"
नज़्म
खिंची है क़ौस-ए-क़ुज़ह आसमान पर सर-ए-शाम!
अजीब कैफ़ सा है हैरत-ए-नज़र में निहाँ!
अब्दुल अहद साज़
नज़्म
मख़दूम मुहिउद्दीन
नज़्म
मैं कि इक जन्नत-ए-अर्ज़ी से चला आया हूँ
बीती यादों की महक दिल में छुपा लाया हूँ
इम्तियाज़ अहमद क़मर
नज़्म
ज़मीं पर अब्र की हर बूँद को नग़्मे सुनाने दो
फ़लक पर लैली-ए-क़ौस-ए-कुज़ह को मुस्कुराने दो
मोहम्मद सादिक़ ज़िया
नज़्म
यही घटाएँ यही बर्क़-ओ-र'अद ओ क़ौस-ए-क़ुज़ह
यहीं के गीत रिवायात मौसमों के जुलूस
फ़िराक़ गोरखपुरी
नज़्म
क़ौस-ए-क़ुज़ह से ले कर रंगों से खेलें होली
ले जा के उन रंगों में आओ तुम्हें रंगाऊँ