Font by Mehr Nastaliq Web

aaj ik aur baras biit gayā us ke baġhair

jis ke hote hue hote the zamāne mere

रद करें डाउनलोड शेर
noImage

बहराम जी

1828 - 1895

पारसी धर्म के विद्वान, उर्दू की साहित्यिक परंपराओं से परिचित होकर उर्दू और फ़ारसी में शेर कहने वाले शायर

पारसी धर्म के विद्वान, उर्दू की साहित्यिक परंपराओं से परिचित होकर उर्दू और फ़ारसी में शेर कहने वाले शायर

बहराम जी की ई-पुस्तक

बहराम जी की पुस्तकें

2

दीवान-ए-बहराम

उर्दू कलाम का मजमुआ

Deewan-e-Behram

1943

बहराम जी पर पुस्तकें

1

Deewan-e-Bahram

1943

Recitation

बोलिए