Baqar Agah Vellori's Photo'

बाक़र आगाह वेलोरी

1745 - 1805 | भारत

दक्षिण भारत के क्लासिकी शायर

दक्षिण भारत के क्लासिकी शायर

ग़ज़ल 9

शेर 5

क्या फ़ाएदा है क़िस्सा-ए-रिज़वान से तुझे

कोई शम्अ-रू परी सते तू भी लगन लगा

देखते देखते सितम तेरा

सख़्त नाशाद हो गया है दिल

मैं तेरे हिज्र में जीने से हो गया था उदास

पे गर्म-जोशी से क्या क्या मनाया अश्क मिरा

पुस्तकें 5

Majmua Hasht Bahisht

 

 

Maulana Baqar Aagah Vellori Shakhsiyat Aur Fan

 

1995

Maulana Baqar Aagah Welori Ke Adabi Nawadir

 

1994

Maulana Baqar Agah Vellori Ke Adabi Nawadir

 

1994

उर्दू अदब का अव्वलीन नक़्क़ाद मौलाना बाक़र आगाह वेलोरी

 

2009