आपकी खोज से संबंधित
परिणाम "raqam"
नज़्म के संबंधित परिणाम "raqam"
नज़्म
लिखा गया है बहुत लुतफ़-ए-वस्ल ओ दर्द-ए-फ़िराक़
मगर ये कैफ़ियत अपनी रक़म नहीं है कहीं
फ़ैज़ अहमद फ़ैज़
नज़्म
जो फ़िक्र-ए-ताज़ा-दम है उस्ताद की अता है
जो कुछ किया रक़म है उस्ताद की अता है
अहमद हातिब सिद्दीक़ी
नज़्म
न पैदा होगी खत-ए-नस्ख़ से शान-ए-अदब-आगीं
न नस्तालीक़ हर्फ़ इस तौर से ज़ेब-ए-रक़म होंगे
अकबर इलाहाबादी
नज़्म
हो अगर हाथों में तेरे ख़ामा-ए-मोजिज़ रक़म
शीशा-ए-दिल हो अगर तेरा मिसाल-ए-जाम-ए-जम
अल्लामा इक़बाल
नज़्म
आनंद नारायण मुल्ला
नज़्म
दामन-ए-कोह में चलते हुए हल
सीना-ए-दहर पे इंसान के जबरूत की तारीख़ रक़म करते हैं
अहमद नदीम क़ासमी
नज़्म
रौशनी मुझ पे चमकी
मेरे दिल पे धरती ने और उस के अरफ़ा मज़ाहिर ने अपनी मोहब्बत रक़म की
शकेब जलाली
नज़्म
थे रक़म जिन में जिहाद-ओ-जंग-ए-आज़ादी के बाब
ताक़-ए-निस्याँ में उन्ही औराक़ को फेंका गया