- पुस्तक सूची 180695
-
-
पुस्तकें विषयानुसार
-
गतिविधियाँ89
बाल-साहित्य1989
नाटक / ड्रामा921 एजुकेशन / शिक्षण347 लेख एवं परिचय1376 कि़स्सा / दास्तान1655 स्वास्थ्य108 इतिहास3343हास्य-व्यंग603 पत्रकारिता201 भाषा एवं साहित्य1141
पत्र724 जीवन शैली30 औषधि974 आंदोलन268 नॉवेल / उपन्यास4275 राजनीतिक349 धर्म-शास्त्र4769 शोध एवं समीक्षा6695अफ़साना2671 स्केच / ख़ाका237 सामाजिक मुद्दे111 सूफ़ीवाद / रहस्यवाद2014पाठ्य पुस्तक440 अनुवाद4185-
पुस्तकें विषयानुसार
- बैत-बाज़ी14
- अनुक्रमणिका / सूची4
- अशआर68
- दीवान1254
- दोहा50
- महा-काव्य99
- व्याख्या186
- गीत63
- ग़ज़ल1264
- हाइकु11
- हम्द59
- हास्य-व्यंग31
- संकलन1581
- कह-मुकरनी6
- कुल्लियात571
- माहिया20
- काव्य संग्रह4874
- मर्सिया386
- मसनवी736
- मुसद्दस44
- नात590
- नज़्म1209
- अन्य84
- पहेली14
- क़सीदा179
- क़व्वाली16
- क़ित'अ67
- रुबाई264
- मुख़म्मस15
- रेख़्ती12
- शेष-रचनाएं16
- सलाम34
- सेहरा12
- शहर आशोब, हज्व, ज़टल नामा17
- तारीख-गोई26
- अनुवाद75
- वासोख़्त24
फ़रहत परवीन के शेर
फ़रहत परवीनजैसा कल था आज भी वैसा और वैसा ही हो गा
आज का कर्ब उठाने में मैं कल का दुख भी सहती हूँ
-
शेयर कीजिए
- सुझाव
- प्रतिक्रिया
- डाउनलोड
फ़रहत परवीनदो-जहाँ पाने का आ राज़ बताऊँ तुझ को
जा किसी प्यार-भरे दिल में ठिकाना कर ले
-
शेयर कीजिए
- सुझाव
- प्रतिक्रिया
- डाउनलोड
फ़रहत परवीनयूँ दिया करते हैं हम तल्ख़-नवाई का जवाब
अपने लहजे में ज़रा और भी रस घोलते हैं
-
शेयर कीजिए
- सुझाव
- प्रतिक्रिया
- डाउनलोड
फ़रहत परवीनक्यों भेद खुले लाचारी का एहसान भी लें दिलदारी का
आँखों को नहीं हम करते नम पर दिल में समुंदर रखते हैं
-
शेयर कीजिए
- सुझाव
- प्रतिक्रिया
- डाउनलोड
फ़रहत परवीनयूँ दिया करते हैं हम तल्ख़-नवाई का जवाब
अपने लहजे में ज़रा और भी रस घोलते हैं
-
शेयर कीजिए
- सुझाव
- प्रतिक्रिया
- डाउनलोड
You have remaining out of free content pages. Log In or Register to become a Rekhta Family member to access the full website.
join rekhta family!
-
गतिविधियाँ89
बाल-साहित्य1989
-
