Makhmoor Saeedi's Photo'

मख़मूर सईदी

1938 - 2010 | दिल्ली, भारत

प्रमुख आधुनिक शायर / पत्रिका तहरीक से संबंधित थे

प्रमुख आधुनिक शायर / पत्रिका तहरीक से संबंधित थे

मख़मूर सईदी के ऑडियो

ग़ज़ल

कसक पुराने ज़माने की साथ लाया है

नोमान शौक़

ग़म ओ नशात की हर रहगुज़र में तन्हा हूँ

नोमान शौक़

जानिब-ए-कूचा-ओ-बाज़ार न देखा जाए

नोमान शौक़

फ़ज़ा में कैसी उदासी है क्या कहा जाए

नोमान शौक़

मुद्दतों बाद हम किसी से मिले

नोमान शौक़

ये कैसा रब्त हुआ दिल को तेरी ज़ात के साथ

नोमान शौक़

याद फिर भूली हुई एक कहानी आई

नोमान शौक़

लजा लजा के सितारों से माँग भरती है

नोमान शौक़

लबों पे है जो तबस्सुम तो आँख पुर-नम है

नोमान शौक़

लिख कर वरक़-ए-दिल से मिटाने नहीं होते

नोमान शौक़

सीने में कसक बन के उतरने के लिए है

नोमान शौक़

नज़्म

एक पुराना शहर

नोमान शौक़

Recitation

aah ko chahiye ek umr asar hote tak SHAMSUR RAHMAN FARUQI