आपकी खोज से संबंधित
परिणाम "khaake"
अत्यधिक संबंधित परिणाम "khaake"
शब्दकोश से सम्बंधित परिणाम
रेख़्ता शब्दकोश
chaahe
चाहे چاہے
' यदि जी चाहे ' का संक्षिप्त रूप। यदि जी चाहे। यदि मन में आवे। जैसे-(क) चाहे यहाँ रहो, चाहे वहाँ। (ख) जो चाहे सो करो।
अन्य परिणाम "khaake"
नज़्म
ख़ून फिर ख़ून है
ख़ाक-ए-सहरा पे जमे या कफ़-ए-क़ातिल पे जमे
फ़र्क़-ए-इंसाफ़ पे या पा-ए-सलासिल पे जमे
साहिर लुधियानवी
नज़्म
ख़िज़्र-ए-राह
ख़ाक-ओ-ख़ूँ में मिल रहा है तुर्कमान-ए-सख़्त-कोश
आग है औलाद-ए-इब्राहीम है नमरूद है
अल्लामा इक़बाल
नज़्म
तस्वीर-ए-दर्द
परेशाँ हूँ मैं मुश्त-ए-ख़ाक लेकिन कुछ नहीं खुलता
सिकंदर हूँ कि आईना हूँ या गर्द-ए-कुदूरत हूँ
अल्लामा इक़बाल
नज़्म
एक लड़का
फ़ज़ाओं में सँवारा इक हद-ए-फ़ासिल मुक़र्रर की
चटानें चीर कर दरिया निकाले ख़ाक-ए-असफ़ल से
अख़्तरुल ईमान
ग़ज़ल
ज़ियारत-गाह-ए-अहल-ए-अज़्म-ओ-हिम्मत है लहद मेरी
कि ख़ाक-ए-राह को मैं ने बताया राज़-ए-अलवंदी
अल्लामा इक़बाल
ग़ज़ल
वो सज्दे जिन से बरसों हम ने का'बे को सजाया है
जो बुत-ख़ाने को मिल जाएँ तो फिर बुत-ख़ाना हो जाए
बेदम शाह वारसी
नज़्म
वालिदा मरहूमा की याद में
ख़ाक-ए-मरक़द पर तिरी ले कर ये फ़रियाद आऊँगा
अब दुआ-ए-नीम-शब में किस को मैं याद आऊँगा
अल्लामा इक़बाल
ग़ज़ल
थे ख़ाक-ए-राह भी हम लोग क़हर-ए-तूफ़ाँ भी
सहा तो क्या न सहा और किया तो क्या न किया






