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लाला मौजी राम मौजी

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लाला मौजी राम मौजी के शेर

दिल के आईने में है तस्वीर-ए-यार

जब ज़रा गर्दन झुकाई देख ली

वाँ हिना-बंदी थी और ज़ुल्फ़ को सुलझाना था

याँ परेशानी थी और ख़ून-ए-जिगर खाना था

Recitation

aah ko chahiye ek umr asar hote tak SHAMSUR RAHMAN FARUQI

Jashn-e-Rekhta | 2-3-4 December 2022 - Major Dhyan Chand National Stadium, Near India Gate, New Delhi

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