Sahir Siyalkoti's Photo'

साहिर सियालकोटी

1906 - 1984 | जालंधर, भारत

साहिर सियालकोटी

ग़ज़ल 35

अशआर 6

होती है दूसरों को हमेशा ये नागवार

अपने सिवा किसी को नसीहत कीजिए

  • शेयर कीजिए

गुलों को तोड़ते हैं सूँघते हैं फेंक देते हैं

ज़ियादा भी नुमाइश हुस्न की अच्छी नहीं होती

  • शेयर कीजिए

ये क्यूँकर मान लें उल्फ़त हमें करनी नहीं आती

किया है काम ही क्या और उल्फ़त के सिवा हम ने

  • शेयर कीजिए

सँभल कर पाँव रखना वादी-ए-इश्क़-ओ-मोहब्बत में

यहाँ जो सैर को आता है बच कर कम निकलता है

  • शेयर कीजिए

शम्अ' अहल-ए-बज़्म तो बैठे ही रह गए

कहने की थी जो बात वो परवाना कह गया

  • शेयर कीजिए

पुस्तकें 1

 

"जालंधर" के और शायर

Recitation

aah ko chahiye ek umr asar hote tak SHAMSUR RAHMAN FARUQI

Jashn-e-Rekhta | 2-3-4 December 2022 - Major Dhyan Chand National Stadium, Near India Gate, New Delhi

GET YOUR FREE PASS
बोलिए