aaj ik aur baras biit gayā us ke baġhair
jis ke hote hue hote the zamāne mere
परिणाम "harbe"
मोहम्मद तलत हरब मिसरी
लेखक
घुमा-फिरा के जुदाई की बात करती थीहमेशा हिज्र के हरबे तलाश करती थी
लाख हरबे सही हर वज़' के शैतान के पासढाल ईमान की मौजूद हो इंसान के पास
ये अज़ाबों का शहर हैयहाँ ख़ुद को बचाने के तमाम हरबे
उन के हरबे हैंलेकिन ये सच उन का नहीं होता
है हर्ब-ए-इश्क़ फ़त्ह की ख़्वाहिश से बे-नियाज़ये बात अलग कि हार के भी फ़त्ह नाम है
hare hare
ख़रगोश
हरे ہرے
' हरि ' शब्द का संबोधन रूप
हारे ہارے
lost, defeated
हर्बा حَرْبَہ
लड़ाई का हथियार, नेज़ा, बरछी, भाला
Thake Haare
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हारे हुए लश्कर का आख़िरी सिपाही
कश्मीरी लाल ज़ाकिर
नॉवेल / उपन्यास
गिरफ़्तारी के सब हरबे शिकारी ले के निकला हैपरिंदा भी शिकारी की सुपारी ले के निकला है
ज़िंदगी को नज़्म करने के लिएमैं नय हर हरबे से इक तरतीब की
हरबे सब उन के उन को ही लौटा दिए गएहैरत से बन गए हैं वो तस्वीर देखना
तेरे हरबे रिवायती हैं 'अज़ीज़'मेरी मुश्किल जदीद मुश्किल है
कारवाई जब करोगे नेक लोगों के ख़िलाफ़देख लेना सारे हरबे बे-असर हो जाएँगे
बे-नियाज़ी आज से करते हैं हम भी इख़्तियारउन के हरबे को उन्हीं पर आज़माना चाहिए
आमादा-ए-हर्ब-ए-ला-ज़मानीदुश्मन की अजनबी निशानी
अयाज़ चुप हैसदा-ए-महमूद हर्ब-ए-ताज़ा की तेज़-तर रौ में
हज़ार हरबे आज़माए उस के वास्ते 'दुरैब'ख़याल हैफ़ कोई भी मगर सफल नहीं रहा
वो चाहतों भरे हरबेरटी हुई ज़ेहानत और
कई हरबे किए हैं मैं ने 'आबिर'मगर वो ज़ेहन से जाता नहीं है
क्यूँ मिरे दुश्मन कई दिन से बहुत ख़ामोश हैंक्या शराफ़त आ गई है या नए हरबे नहीं
नई दलील दो इस बार जीतने के लिएपुराने हरबे सदा कारगर नहीं होते
थके-हारे परिंदे जब बसेरे के लिए लौटेंसलीक़ा-मंद शाख़ों का लचक जाना ज़रूरी है
शाइ'र भी जो मीठी बानी बोल के मन को हरते हैंबंजारे जो ऊँचे दामों जी के सौदे करते हैं
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