आपकी खोज से संबंधित
परिणाम "kamiin"
अत्यधिक संबंधित परिणाम "kamiin"
नज़्म
ख़ून फिर ख़ून है
लाख बैठे कोई छुप-छुप के कमीं-गाहों में
ख़ून ख़ुद देता है जल्लादों के मस्कन का सुराग़
साहिर लुधियानवी
हिंदी ग़ज़ल
तुम्हीं से प्यार जताएँ तुम्हीं को खा जाएँ
अदीब यूँ तो सियासी हैं पर कमीन नहीं
दुष्यंत कुमार
शब्दकोश से सम्बंधित परिणाम
अन्य परिणाम "kamiin"
ग़ज़ल
हूँ गिरफ़्तार-ए-कमीं-गाह-ए-तग़ाफ़ुल कि जहाँ
ख़्वाब सय्याद से पर्वाज़-ए-गिरानी माँगे
मिर्ज़ा ग़ालिब
नज़्म
फ़रेब
राहज़न हँसने लगे छुप के कमीं-गाहों में
हम-नशीं ये था फ़रंगी की फ़िरासत का तिलिस्म
अली सरदार जाफ़री
ग़ज़ल
जो न नक़्द-ए-दाग़-ए-दिल की करे शो'ला पासबानी
तो फ़सुर्दगी निहाँ है ब-कमीन-ए-बे-ज़बानी
मिर्ज़ा ग़ालिब
नज़्म
सियासी लीडर के नाम
और मश्रिक की कमीं-गह में धड़कता हुआ दिन
रात की आहनी मय्यत के तले दब जाए!










