आपकी खोज से संबंधित
परिणाम "surma-e-muft-e-nazar"
अत्यधिक संबंधित परिणाम "surma-e-muft-e-nazar"
ग़ज़ल
चलो अच्छा ही हुआ मुफ़्त लुटा दी ये जिंस
हम को मिलता सिला-ए-हुस्न-ए-नज़र ही कितना
फ़ज़ा इब्न-ए-फ़ैज़ी
पृष्ठ के संबंधित परिणाम "surma-e-muft-e-nazar"
अन्य परिणाम "surma-e-muft-e-nazar"
ग़ज़ल
यहाँ शुऊ'र के नाख़ुन तो हम भी रखते हैं
मगर ये उक़्दा-ए-फ़िक्र-ओ-नज़र कहाँ खोलें
फ़ज़ा इब्न-ए-फ़ैज़ी
ग़ज़ल
अजब शय है 'फ़ज़ा' ज़ेहन ओ नज़र की ये असीरी भी
मुसलसल देखते रहना बराबर सोचते रहना
फ़ज़ा इब्न-ए-फ़ैज़ी
ग़ज़ल
फ़ज़ा इब्न-ए-फ़ैज़ी
नज़्म
उजाले की लकीर
रास्ते पर कई ख़ुर्शीद नए जल उट्ठे
रौशनी देखिए ता-हद्द-ए-नज़र फैल गई



