संपूर्ण
परिचय
ग़ज़ल94
नज़्म48
शेर84
ई-पुस्तक24
टॉप 20 शायरी 20
चित्र शायरी 26
ऑडियो 35
वीडियो46
अन्य
दोहा12
फ़िल्मी गीत18
निदा फ़ाज़ली
ग़ज़ल 94
नज़्म 48
अशआर 84
होश वालों को ख़बर क्या बे-ख़ुदी क्या चीज़ है
इश्क़ कीजे फिर समझिए ज़िंदगी क्या चीज़ है
-
शेयर कीजिए
- ग़ज़ल देखिए
हर आदमी में होते हैं दस बीस आदमी
जिस को भी देखना हो कई बार देखना
-
शेयर कीजिए
- ग़ज़ल देखिए
कोशिश भी कर उमीद भी रख रास्ता भी चुन
फिर इस के ब'अद थोड़ा मुक़द्दर तलाश कर
-
शेयर कीजिए
- ग़ज़ल देखिए
कभी किसी को मुकम्मल जहाँ नहीं मिलता
कहीं ज़मीन कहीं आसमाँ नहीं मिलता
-
शेयर कीजिए
- ग़ज़ल देखिए
बच्चों के छोटे हाथों को चाँद सितारे छूने दो
चार किताबें पढ़ कर ये भी हम जैसे हो जाएँगे
-
शेयर कीजिए
- ग़ज़ल देखिए
दोहा 12
फ़िल्मी गीत 18
पुस्तकें 24
चित्र शायरी 26
सफ़र में धूप तो होगी जो चल सको तो चलो सभी हैं भीड़ में तुम भी निकल सको तो चलो किसी के वास्ते राहें कहाँ बदलती हैं तुम अपने आप को ख़ुद ही बदल सको तो चलो यहाँ किसी को कोई रास्ता नहीं देता मुझे गिरा के अगर तुम सँभल सको तो चलो कहीं नहीं कोई सूरज धुआँ धुआँ है फ़ज़ा ख़ुद अपने आप से बाहर निकल सको तो चलो यही है ज़िंदगी कुछ ख़्वाब चंद उम्मीदें इन्हीं खिलौनों से तुम भी बहल सको तो चलो