शब्दों की उलट-फेर शायरी

अगर वो पूछ लें हम से तुम्हें किस बात का ग़म है

तो फिर किस बात का ग़म है अगर वो पूछ लें हम से

she should just inquire, what causes me this pain

were she to ask this question, no ache would then remain

she should just inquire, what causes me this pain

were she to ask this question, no ache would then remain

अज्ञात

अब नहीं मिलेंगे हम कूचा-ए-तमन्ना में

कूचा-ए-तमन्ना में अब नहीं मिलेंगे हम

जौन एलिया

बात भी कीजिए देख भी लीजिए

देख भी लीजिए बात भी कीजिए

अली ज़रयून

मोहब्बत में शिकायत कर रहा हूँ

शिकायत में मोहब्बत कर रहा हूँ

त्रिपुरारि

दिल साफ़ हो किस तरह कि इंसाफ़ नहीं है

इंसाफ़ हो किस तरह कि दिल साफ़ नहीं है

मिर्ज़ा सलामत अली दबीर

आश्ना बेवफ़ा नहीं होता

बेवफ़ा आश्ना नहीं होता

मीर हसन

क्या हुए सूरत-निगाराँ ख़्वाब के

ख़्वाब के सूरत-निगाराँ क्या हुए

जौन एलिया

ज़िंदगी हम से चाहती क्या है

चाहती क्या है ज़िंदगी हम से

अजमल सिराज

कर बुरा तो भला नहीं होता

कर भला तो बुरा नहीं होता

इब्न-ए-मुफ़्ती

अच्छा अच्छा हो जाएगा सब कुछ अच्छा

अच्छा अच्छा सब कुछ अच्छा हो जाएगा

इमरान शमशाद

नूह बैठे हैं चारपाई पर

चारपाई पे नूह बैठे हैं

नूह नारवी

एक बार फिर सलाम दूर जाने वालों को

दूर जाने वालों को एक बार फिर सलाम

इमरान शमशाद

कौन आता है इस ख़राबे में

इस ख़राबे में कौन आता है

अजमल सिराज

ठहर गया है दिल का जाना

दिल का जाना ठहर गया है

अजमल सिराज

ख़्वाब का क्या है रात के नक़्श-ओ-निगार बनाओ

रात के नक़्श-ओ-निगार बनाओ ख़्वाब का क्या है

दानियाल तरीर

हम बहकते हुए आते हैं तिरे दरवाज़े

तेरे दरवाज़े बहकते हुए आते हैं हम

अहमद अता

मोहब्बत तू मत कर दिल उस बेवफ़ा से

दिल उस बेवफ़ा से मोहब्बत तू मत कर

ताबाँ अब्दुल हई

रह गया दिल में इक दर्द सा

दिल में इक दर्द सा रह गया

अजमल सिराज

बड़ा आज़ार-ए-जाँ है वो अगरचे मेहरबाँ है वो

अगरचे मेहरबाँ है वो बड़ा आज़ार-ए-जाँ है वो

अनीस अंसारी

तक़दीर बदल दो मिरी हुर जैसा बना दो

हुर जैसा बना दो मिरी तक़दीर बदल दो

ज़व्वार क़मरी

भरवा देना मिरे कासे को

मिरे कासे को भरवा देना

हम्माद नियाज़ी

लौटना चाहिए ज़िंदगी की तरफ़

ज़िंदगी की तरफ़ लौटना चाहिए

इमरान शमशाद