Abrar Kiratpuri's Photo'

अबरार किरतपुरी

1939 - 2022 | दिल्ली, भारत

हम्द और ना’त के अहम शायर

हम्द और ना’त के अहम शायर

अबरार किरतपुरी

ग़ज़ल 4

 

नज़्म 13

अशआर 4

हर इक इंसान के आमाल भी यकसाँ नहीं होते

कोई घर तोड़ देता है कोई तामीर करता है

ग़म से निस्बत है जिन्हें ज़ब्त-ए-अलम करते हैं

अश्क को ज़ीनत-ए-दामाँ नहीं होने देते

वसवसे दिल में रख ख़ौफ़-ए-रसन ले के चल

अज़्म-ए-मंज़िल है तो हम-राह थकन ले के चल

कहीं भी राह-नुमा अब नज़र नहीं आता

मैं क्या बताऊँ कि हूँ कौन सी जिहात में गुम

पुस्तकें 23

वीडियो 4

This video is playing from YouTube

वीडियो का सेक्शन
शायर अपना कलाम पढ़ते हुए
At a Mushaira

अबरार किरतपुरी

Natia Mushaira Panipat (Haryana) Urs Khwaja Hazrat Shamshuddin Panipati Turk Rehmatullah Alleh

अबरार किरतपुरी

Ya Rab Ya Rab Poetry ( Hamdiya Sher ) by Abrar kiratpuri Naatiya Mushaira Delhi 2013

अबरार किरतपुरी

"दिल्ली" के और शायर

Recitation

aah ko chahiye ek umr asar hote tak SHAMSUR RAHMAN FARUQI

Jashn-e-Rekhta | 2-3-4 December 2022 - Major Dhyan Chand National Stadium, Near India Gate, New Delhi

GET YOUR FREE PASS
बोलिए