आपकी खोज से संबंधित
परिणाम "min"
अत्यधिक संबंधित परिणाम "min"
ग़ज़ल
अपने घर की खिड़की से मैं आसमान को देखूँगा
जिस पर तेरा नाम लिखा है उस तारे को ढूँडूँगा
अमजद इस्लाम अमजद
ग़ज़ल
बन गया तेग़-ए-निगाह-ए-यार का संग-ए-फ़साँ
मर्हबा मैं क्या मुबारक है गिराँ-जानी मुझे
मिर्ज़ा ग़ालिब
ग़ज़ल
जान कर मिन-जुमला-ए-ख़सान-ए-मय-ख़ाना मुझे
मुद्दतों रोया करेंगे जाम ओ पैमाना मुझे
जिगर मुरादाबादी
पृष्ठ के संबंधित परिणाम "min"
शब्दकोश से सम्बंधित परिणाम
अन्य परिणाम "min"
ग़ज़ल
मुक़र्रर कुछ न कुछ इस में रक़ीबों की भी साज़िश है
वो बे-परवा इलाही मुझ पे क्यूँ गर्म-ए-नवाज़िश है
हसरत मोहानी
ग़ज़ल
हुआ है हुक्म ये मिन-जानिब-ए-शह-ए-ज़ुल्मात
हुदूद-ए-शहर-ए-सियह छोड़ दे दिवाना-ए-शब
अरशद जमाल सारिम
ग़ज़ल
बीते सावन कह रहे हैं ये छमा-छम थे कभी
अब तो हैं गोया फ़क़त किन-मिन ये मेरे रात-दिन
क़तील शिफ़ाई
नज़्म
वज़ीर का ख़्वाब
मैं ने इक दिन ख़्वाब में देखा कि इक मुझ सा फ़क़ीर
गर्दिश-ए-पैमाना-ए-इमरोज़-ओ-फ़र्दा का असीर














